‘कोई लहर नहीं है…बीजेपी का कार्यक्रम था’, प्राण प्रतिष्ठा पर बोले राहुल गांधी

सोमवार को अयोध्या में राम लला की प्राण प्रतिष्ठा के बाद कांग्रेस नेता राहुल गांधी का बयान सामने आया है। उन्होंने प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम को भारतीय जनता पार्टी और पीएम मोदी का राजनीतिक समारोह करार दिया है। दरअसल, राहुल गांधी ने मंगलवार को भारत जोड़ो न्याय यात्रा के दौरान मीडिया के सवाल देते हुए कहा, ”कोई लहर नहीं है। मैं पहले कह चुका हूं कि यह बीजेपी का राजनीतिक कार्यक्रम था। हम अपना प्लान देश के सामने रखेंगे। आने वाले दिनों में हम युवा, किसान और महिलाओं के लिए न्याय का हमारा रोडमैप जारी करेंगे।” बता दें कि राम मंदिर उद्धाटन समारोह में कांग्रेस के अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और सोनिया गांधी समेत पार्टी का कोई नेता शामिल नहीं हुआ था।




राहुल गांधी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के निर्देश

वहीं, कांग्रेस नेता राहुल गांधी के नेतृत्व वाली भारत जोड़ो न्याय यात्रा असम में भारी बवाल देखने को मिल रहा है। असम पुलिस ने राहुल गांधी की यात्रा को गुवाहाटी शहर में प्रवेश करने से रोक दिया है। इतना ही नहीं असम के सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने राहुल गांधी के खिलाफ मामला दर्ज करने के आदेश दिए हैं। उन्होंने अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर लिखा, “ये असमिया संस्कृति का हिस्सा नहीं हैं। हम एक शांतिपूर्ण राज्य हैं। ऐसी “नक्सली रणनीति” हमारी संस्कृति से पूरी तरह अलग हैं। मैंने असम पुलिस के डीजीपी को निर्देश दिया है कि भीड़ को उकसाने को लेकर राहुल गांधी के खिलाफ केस दर्ज करने का निर्देश दिया है। अपने हैंडल पर पोस्ट किए गए फुटेज को सबूत के तौर पर इस्तेमाल करें। आपके अनियंत्रित व्यवहार और सहमत दिशानिर्देशों के उल्लंघन के परिणामस्वरूप अब गुवाहाटी में बड़े पैमाने पर ट्रैफिक जाम हो गया है।

कांग्रेस नेता ने पलटवार किया

इस पर पलटवार करते हुए राहुल गांधी ने कहा ”असम के सीएम जो कर रहे हैं उससे यात्रा को फायदा मिल रहा है। हमारा प्रचार हो रहा है। इस तरह सीएम और गृह मंत्री अमित शाह हमारी मदद कर रहे हैं। ये डराने की कोशिश है, लेकिन हम डरने वाले नहीं है। लोग बोल रहे हैं कि बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा गुवाहाटी में जा सकते हैं तो राहुल गांधी क्यों नहीं जा सकते?”
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Source: National

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